Front hulchul news ; जिला मजिस्ट्रेट फाजिल्का ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 (पुरानी सीआरपीसी 1973 की धारा 144) के तहत प्राप्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए जिले की सीमा के भीतर गेहूं की कटाई को लेकर महत्वपूर्ण आदेश जारी किए हैं। नए आदेशों के अनुसार, जिले में शाम 7:00 बजे से सुबह 8:00 बजे तक कंबाइन के जरिए गेहूं की कटाई करने पर पूर्ण पाबंदी लगा दी गई है। यह आदेश 31 मई 2026 तक लागू रहेंगे।
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि अक्सर किसान कंबाइन से दिन-रात कटाई करवाते हैं। रात के समय ओस और नमी के कारण गेहूं की फसल पूरी तरह सूखी नहीं होती, लेकिन कंबाइन उसे काट देती है। नमी वाली फसल होने के कारण मंडियों में इसकी नीलामी में देरी होती है और किसानों को कई-कई दिनों तक खज्जल-खुआर होना पड़ता है। रात की कटाई से अनाज की गुणवत्ता प्रभावित होती है, जिससे किसानों को सीधा आर्थिक नुकसान होता है। प्रशासन ने इस पाबंदी के पीछे सुरक्षा कारणों का भी हवाला दिया है। रात के अंधेरे में कंबाइन के सड़क पर चलने से यातायात बाधित होता है और सड़क हादसों का खतरा बना रहता है। इसके अलावा, कई बार रात के समय कंबाइन बिजली की तारों से टकरा जाती हैं, जिससे शॉर्ट सर्किट होने के कारण जान-माल के नुकसान और खेतों में आग लगने की घटनाएं घटती हैं। जन-धन की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए रात में कंबाइन चलाने पर रोक लगाना अनिवार्य समझा गया है। जिला मजिस्ट्रेट ने स्पष्ट किया है कि इन आदेशों का उद्देश्य आम जनता की सुरक्षा और किसानों के हितों की रक्षा करना है। यदि कोई भी व्यक्ति या कंबाइन मालिक इन आदेशों का उल्लंघन करते हुए पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे केवल दिन के समय और फसल पूरी तरह सूखने पर ही कटाई करवाएं ताकि उन्हें मंडियों में फसल बेचने में कोई समस्या न आए।
